Bollywood के इस फैमस भूत की हो गई है अब ऐसी हालत, कर रहा है ऐसा काम

दोस्तों,अस्सी के दशक में रामसे ब्रदर्स द्वारा बनाई हॉरर फिल्मों के भूत ‘सामरी’ का किरदार निभाने वाले अनिरुद्ध उर्फ अजय अग्रवाल लंबे अरसे से फिल्मों से गायब हैं. रील लाइफ में लंबे-लंबे दांतों, लाल आंखें और चेहरे पर खून के निशान से डराने वाले साढ़े 6 फीट लंबे अनिरुद्ध असल जीवन में इंजीनियर रह चुके हैं. ‘सामरी’ साल 2010 में रिलीज हुई प्रोड्यूसर-डायरेक्टर विल्सन लुईस की हॉरर फिल्म ‘मल्लिका’ में अनिरुद्ध आखिरी बार नजर आए थे. इसमें भी उन्होंने ‘सामरी’ का रोल ही प्ले किया था. फिल्म में उनके अलावा हिमांशु मलिक, सुरेश मेनन, शीना नायर, राजेश खेरा और मामिक जैसे एक्टर्स ने काम किया था.
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अनिरुद्ध ने आईआईटी रुड़की से सिविल इंजीनियरिंग की डिग्री ली.इसके बाद वो मुंबई चले आए.कहते हैं कि अनिरुद्ध जब काम की तलाश में पहली बार मुंबई आए तो उनकी जेब में 100 रुपए थे.68 साल के अनिरुद्ध अग्रवाल का जन्म 1 दिसंबर, 1949 को देहरादून में हुआ था.साल 2010 के बाद से वो फिल्मों और टीवी में नजर नहीं आए हैं.पुराना मंदिर सुपरहिट थी, लेकिन थ्रीडी वाली कोशिश नाकाम रही. इसके बाद अग्रवाल 1990 में रामसे की फ़िल्म बंद दरवाज़ा में दिखे. इस फिल्म ने भी अच्छी कमाई की.लेकिन अग्रवाल को बहुत ज़्यादा काम नहीं मिल रहा था तो वह दोबारा इंजीनियर हो गए. इसके बाद उन्होंने रामसे बंधुओं के एक टीवी हॉरर शो के कुछ एपिसोड में काम किया.
अनिरुद्ध ने बंद दरवाजा, पुराना मंदिर, बैंडिट क्वीन, सामरी, आज का अर्जुन, जादूगर, मर मिटेंगे, राम लखन, मेला, तलाश, तुम मेरे हो, बचाओ : इनसाइड भूत है और मल्लिका जैसी फिल्मों में काम किया.
अनिरुद्ध ने जीटीवी के पॉपुलर सीरियल ‘जी हॉरर शो’ के अलावा ‘मानो या ना मानो’ जैसी सीरियल में भी काम किया.अनिरुद्ध हॉलीवुड मूवी सच अ लॉन्ग जर्नी और रुडयार्ड किपलिंग की ‘द जंगल बुक’ में भी दिख चुके हैं.एक शानदार शख़्सित अग्रवाल बेहद विनम्र हैं. वह अपनी क़द-काठी के बारे में खुले मन से बात करते हैं. और एक बेपरवाह इंडस्ट्री ने उन्हें कहां छोड़ दिया है.वह कहते हैं, ‘रामसे बंधु नए अभिनेताओं के साथ फ़िल्में करते थे, इसलिए मुझे देखकर वे बहुत खुश हुए थे. और उन्होंने मेरे चेहरे का फ़ायदा उठाया. मेरा चेहरा आसानी से उनकी फ़िल्मों में फिट हो गया. मैं डरावना बन गया. मेरा चेहरा इतना भयानक था कि कोई मुझे किसी और रोल में सोच ही नहीं पाया.’
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